यह पुरस्कार 1895 में स्थापित 05 नोबेल पुरस्कारों में से एक है।

पहला पुरस्कार - जैकोब्स हेनरीक्स वांट हॉफ को 1901 में रासायनिक ऊष्मागतिकी के लिए पुरस्कार दिया गया था। 

सबसे हाल का पुरस्कार - इमैनुएल चार्पियर और  जेनिफर डुडना को 2020 का रसायन का पुरस्कार दिया गया। 

1901 से अब तक 112 पुरस्कार दिए जा चुके हैं। कुल 08 बार यह पुरस्कार नहीं दिया गया : 1916, 1917, 1919, 1924, 1933, 1940, 1941 और 1942. 

कुल पुरस्कार - 112 
कुल व्यक्ति - 186
महिलाएं - 07
अकेले जीतने वाले - 63
दो में साझा - 24
तीन में साझा - 25

कम उम्र
फ्रेडरिक ज्योलियो सबसे कम उम्र में रसायन विज्ञान में नोबेल पुरस्कार जीतने वाले व्यक्ति है। 1935 में पुरस्कार मिलने के समय उनकी उम्र 35 वर्ष थी। 

सर्वाधिक उम्र 
जॉन बी. गुडएनफ, को 2019 में 97 वर्ष की आयु में रसायन विज्ञान का नोबेल पुरस्कार मिला था। किसी भी वर्ग में नोबेल पुरस्कार जीतने वाले सबसे अधिक उम्र के व्यक्ति हैं। 


एक से अधिक बार
फ्रेडरिक सेंगर - एकमात्र ऐसे व्यक्ति हैं जिन्हें रसायन विज्ञान में दो बार नोबेल पुरस्कार मिला है। उन्हें 1958 और 1980 में ये पुरस्कार दिया गया था। 


नोबेल पुरस्कार पाने वाले परिवार के सदस्य :
1911 का पुरस्कार पाने वाली मेरी क्यूरी ने 1903 में भौतिकी का पुरस्कार अपने पति पियरे क्यूरी के साथ साझा किया था।   

1929 का पुरस्कार पाने वाले हेन्स वॉन उलर चेलपिन के पुत्र उल्फ वॉन उलर चेलपिन को 1970 में चिकित्सा का पुरस्कार दिया गया था। 

1935 का पुरस्कार साझा करने वाले फ्रेडरिक ज्योलियो और इरीन ज्योलियो-क्यूरी पति-पत्नी हैं। इरीन ज्योलियो-क्यूरी, मेरी क्यूरी और पियरे क्यूरी की बेटी है। 

2006 का पुरस्कार पाने वाले रोजर कॉर्नबर्ग के पिता आर्थर कॉर्नबर्ग को 1959 में चिकित्सा का पुरस्कार मिला था। 

(नोबेल पुरस्कार जीतने वाली सभी जोड़ियाँ)

महिलाएं जिन्हें भौतिकी का नोबेल पुरस्कार मिला : 
1911 - मैरी क्यूरी 
1935 - इरीन ज्योलियो-क्यूरी 
1964 - डोरोथी क्रोफूट हॉजकिन
2009 - एडा योनथ
2018 - फ्रांसिस एच. अर्नोल्ड
2020 - इमैनुएल चार्पियर
2020 - जेनिफर डुडना


रसायन का नोबेल पुरस्कार पाने वाले भारतीय : 
अब तक किसी भी भारतीय नागरिक को रसायन का नोबेल पुरस्कार नहीं मिला। 

भारत में जन्मे भारतीय-अमेरिकी वैज्ञानिक वेंकी रामकृष्णन को 2009 में रसायन का नोबेल पुरस्कार मिला था।